बिटकॉइन क्या है ? बिटकॉइन कैसे काम करता है ? बिटकॉइन में कैसे निवेश और कमाई करे ? बिटकॉइन इतना चर्चा में क्यों है ?

नमस्कार दोस्तों मेरा नाम है संदीप गौतम स्वागत करता हु आपका मेरी वेबसाइट Quizmarket.in में। और में आज आपके लिए लाया हु - बिटकॉइन क्या है ? बिटकॉइन कैसे काम करता है ? बिटकॉइन में कैसे निवेश और कमाई करे ? बिटकॉइन इतना चर्चा में क्यों है ? (What is bitcoin ? How does Bitcoin works ? Why Bitcoin is Trending so much ?) हमारे काफी सारे उसेर्स की डिमांड की थी इस टॉपिक परर एक आर्टिकल लिखा जाए। बिना समय देरी करते हुए शुरू करता हु बिटकॉइन पर चर्चा ? आखिर बिटकॉइन है क्या चीज़ कैसे काम करता है और बिटकॉइन इतना ट्रेंडिंग में क्यों है ?

बिटकॉइन क्या है ? बिटकॉइन कैसे काम करता है ? बिटकॉइन में कैसे निवेश और कमाई करे ? बिटकॉइन इतना चर्चा में क्यों है ?


दोस्तों क्या आप इमेजिन क्र सकते है एक ऐसे चीज़ जिसकी वैल्यू आज से 10 साल पहले शुन्य थी और आज 2021 में इसकी वैल्यू 15 लाख रुपया है। जी हाँ दोस्तों में बात क्र रहा हु बिटकॉइन की। दोस्तों आज से 10 साल पहले बिटकॉइन की कीमत बिलकुल न के बराबर थी। लेकिन अभी के समय में इसकी कीमत 15 लाख से भी ऊपर है। और इसी साल बिटकॉइन ने मार्किट में अपना सबसे ज्यादा मूल्य दर्ज किआ है कहने का तात्पर्य ये है की इस साल बिटकॉइन की कीमतों ने बहुत ऊपर उछाल मारा है। 

बिटकॉइन क्या है और क्या है बिटकॉइन इतिहास है ? What is Bitcoin and What is the history of Bitcoin ?

दोस्तों आज से 12 साल पहले सातोशी नाकामोतो Satoshi Nakamoto नाम के एक व्यक्ति ने 31st October 2008 में  इंटरनेट के पेपर पर छपवाया ।  सातोशी नाकामोतो का मकसद पब्लिश हुए पेपर की पहली लाइन ही समझ आगया जिसमें लिखा हुआ था - " A version of electronic cash that would allow payments tobe sent directly from one party to another party without going through a financial institution "

- " इलेक्ट्रॉनिक नकदी का एक संस्करण जो किसी वित्तीय संस्थान से गुजरे बिना भुगतानों को सीधे एक पक्ष से दूसरे पक्ष को भेजने की अनुमति देता है "
बिटकॉइन क्या है ? बिटकॉइन कैसे काम करता है ? बिटकॉइन में कैसे निवेश और कमाई करे ? बिटकॉइन इतना चर्चा में क्यों है ?


प्रिये दोस्तों बिटकॉइन एक डिजिटल एसेट है जिसका किसी तरह के कोई बैंक, नेशन, गवर्नमेंट का कण्ट्रोल नहीं है , यह पूरी तरह से स्वतंत्र है। 

हमारे इंडियन रुपया पर रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया का कण्ट्रोल है। अमेरिका में चलने वाले डॉलर पर वहां की सेंट्रल बैंक ऑफ़ अमेरिका का कण्ट्रोल है। ऐसे ही हर देश की करेंसी पर उस देश के गवर्नमेंट आर्गेनाइजेशन का कण्ट्रोल रहता है। मगर बिटकॉइन के मामले में ऐसा नहीं है , बिटकॉइन पूरी तरह से स्वतंत्र है। इसकी देकरेख किसी स्पेसिफिक देश की गवर्नमेंट नहीं क्र रही होती या कोई स्पेशल बैंक नहीं क्र रहा होता। बिटकॉइन एक डिजिटल एसेट है , इसका कण्ट्रोल सबके पास है, बिटकॉइन किसी एक देश या व्यक्ति से बाध्य नहीं है । 

दोस्तों 2008 में बिटकॉइन और क्रिप्टोकोर्रेंसी सिर्फ एक आईडिया था , एक बन्दे का जिसका नाम था सातोशी नाकामोतो। लेकिन आज सातोशी नाकामोतो का सपना सच हो गया है , इस दुनिया में बिटकॉइन, डोगेकोईन, एथेरियम जैसे डिजिटल एसेट चल पड़े है। दोस्तों बिटकॉइन एक तरह की क्रिप्टोकोर्रेंसी ही है। क्रिप्टोकोर्रेंसी मतलब वो डिजिटल करेंसी या एसेट जिसका अंधकार सब पर है। कोई एक गवर्नमेंट या बैंक या आर्गेनाइजेशन इसको कण्ट्रोल नहीं करता। डोगेकोईन, एथेरियम , बिटकॉइन ये डिजिटल एसेट है और इनको ही क्रिप्टोकोर्रेंसी कहा जाता है। 

दोस्तों कभी बिटकॉइन सिर्फ एक सपना था , लेकिन आज के दौर में बिटकॉइन के नाम पर लाखो करोड़ों का डिजिटल लेनदेन रोज़ होता है। है न ये अद्भुत बात दोस्तों। की किसीन ज़माने में इसकी कोई पूछ नहीं थी लकिन आज बिटकॉइन की इतनी पूछ हो गयी , रोज़ाना करोड़ों का डिजिटल लेनदेन हो रहा है।  और साथ में किसी तरह की कोई बैंक या आर्गेनाइजेशन का कण्ट्रोल बिटकॉइन नहीं है। 

why bitcoin is trending


बिटकॉइन शुरू क्यों हुआ ? Why was Bitcoin started ?

दोस्तों जैसे की मैंने आपको पहले बताया की भारतीय रुपया पर रसेर्वे बैंक ऑफ़ इंडिया का कण्ट्रोल है। अमेरिका का डॉलर का कण्ट्रोल वहां की सेंट्रल बैंक ऑफ़ अमेरिका नाम की बैंक संस्था के हाथ में है।  और बिलकुल उसी प्रकार से हर देश की बैंक पर उस देश की बैंक आर्गेनाइजेशन या गवर्नमेंट का कण्ट्रोल होता है। 

तोह उस देश की जनता कहाँ कहाँ ट्रांसक्शन्स क्र रहे है , कहाँ पैसे निवेश क्र रहे है , किसके पास कितनी धन संपत्ति है , कौन गरीब और कौन अमीर है , कौन सही तरीके से पैसा कमा रहा है और कौन गलत तरीके से पैसा कमा रहा है , इसका पूरा लेखा जोखा हिसाब खिताब गवर्नमेंट के पास रहता है। 

सातोशी नाकामोतो और उनकी तरह कई लोगो के मन में ये सवाल आया की काहिर पैसा हमारा तो इस पर बैंक या गवर्नमेंट का कण्ट्रोल क्यों ? जब कमाई हमारी , ट्रांसक्शन्स हमारी है तोह इस पर गवर्नमेंट बैंक्स का राज़ क्यों चल ने दे।  जब पैसा हमारा है तो गवर्नमेंट इस पर नजर क्यों बनाये रख्खे ??? 

इन सब प्रश्नो के साथ जन्म हुआ एक ऐसे करेंसी का जिसका कोई मालिक नहीं और हर कोई मालिक भी है। एक ऐसे डिजिटल करेंसी जिसपे कोई गवर्नमेंट या सरकार नजर नहीं रख पायेगी , ये स्वतंत्र रूप से काम करेगी। एक ऐसे डिजिटल एसेट जीस पर किसी स्पेसिफिक गवर्नमेंट का रूल रेगुलेशन नहीं चलेगा। एक ऐसे डिटेल करेंसी जोकि आजाद काम करेगी। इसी डिजिटल करेंसी या एसेट को क्रिप्टोकोर्रेंसी कहा गया और बिटकॉइन एक तरह का क्रिप्टोकोर्रेंसी ही है , जीसपे किसी बैंक या देश का कण्ट्रोल नहीं है , बिटकॉइन फुल्ली इंडेपेंडेंट हैं। बिटकॉइन की नीव सातोशी नाकामोतो ने रख्खी। 

बिटकॉइन कैसे काम करता है ?  How does Bitcoin works ?

दोस्तों बिटकॉइन की हर ट्रांसक्शन सुपर कंप्यूटर में कैलकुलेट होती रहती है। पूरी दुनिया में बिटकॉइन की ट्रांसक्शन्स को देख रेख करने के लिए करोड़ो सुपरकम्प्युटर्स रखके हुए है। जो की बिटकॉइन की छोटी से छोटी और बड़ी से बड़ी ट्रांसक्शन को मेन्टेन क्र रहे होते है। सुपर कम्प्यूटर्स द्वारा बिटकॉइन की छोटी सी छोटी और बड़ी से बड़ी ट्रांसक्शन्स के रिकॉर्ड को पब्लिक लेड़गेर Public Ledger कहते है। 

यह पब्लिक लेड़गेर Public Ledger हर सुपर कंप्यूटर में स्टोर्ड होता हैं और इसी वजह से कोई भी व्यक्ति बिटकॉइन में फ्रॉड नहीं क्र सकता क्युकी डाटा सभी कम्प्यूटर्स में स्टोर्ड है और अगर वो बेईमानी करेगा तोह पकड़ा जाएगा। पब्लिक लेड़गेर बिटकॉइन को और भी ज्यादा सुरक्षित बना देते है।  

पब्लिक लेड़गेर को ब्लॉकचैन Blockchain नाम की टेक्नोलॉजी मेन्टेन करती है। ब्लॉकचैन मतलब डिजिटल डब्बा। 

जब बिटकॉइन का एक पब्लिक लेड़गेर भर जाता है , तब एक नया ब्लॉकचैन उसमें जोड़ दिए जाता है। और जब फिरसे ये ब्लॉकचैन भर जाता है , तब फिरसे एक नया ब्लॉकचैन बिटकॉइन की पब्लिक लेड़गेर मेन्टेन करने के लिए जोड़ दिए जाता है। यह ब्लॉकचैन पब्लिक लेड़गेर के डाटा को स्टोर करने के काम आता है। 
सभी  ब्लॉकचैन आपस में digitally जुड़े हुए होते हैं, तो कोई भी व्यक्ति बिटकॉइन के डाटा के साथ बिलकुल भी छेड़छाड़ नहीं क्र सकता है। और अगर वह बिटकॉइन के डाटा में किसी तरह की छेड़खानी करता भी है तो वह तुरंत पकड़ा जाएगा। 

बिटकॉइन की दुनिया में मिनर्स और माइनिंग किसी कहते है ? What is Minors and Mining in world of Bitcoin ?

दोस्तों , जो भी लोग बिटकॉइन के पब्लिक लेड़गेर को मैनेज कर रहे होते है , उन्हें मिनर्स कहा जाता है। 
बिलकुल उसी प्रकार से  पब्लिक लेड़गेर को मेन्टेन करने के पूरे प्रोसेस प्रक्रिया को माइनिंग कहते हैं। 

बिटकॉइन की दुनिया में मिनर्स और माइनिंग किसी कहते है


बिटकॉइन वैकल्पिक मुद्रा के रूप में Bitcoin as an Alternate Currency and बिटकॉइन एक निवेश के रूप में Bitcoin as an Investment 

दोस्तों, आजकल लोग बिटकॉइन को वैकल्पिक रूप में और बिटकॉइन को निवेश के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं। 
कई लोग इससे करेंसी से replace करना चाहते है , मतलब उनका कहना यह की अब रुपया या डॉलर की जगह सिर्फ बिटकॉइन या कोई भी क्रिप्टोकोर्रेंसी चले। लकिन ज्यादातर लोग बिटकॉइन या क्रिप्टोकोर्रेंसी को निवेश की तरह ले रहे हैं। वे बिटकॉइन व् अन्य क्रिप्टोकोर्रेंसी में पैसा लगा रहे रहे और ये उम्मीद से है की कुछ सालो बाद उनका बिटकॉइन या क्रिप्टोकोर्रेंसी का मूल्य खरीदे हुए मूल्य से बढ़ जायेगा। 

दोस्तों, बिटकॉइन या कोई और अन्य क्रिप्टोकोर्रेंसी सोने Gold की तरह हो गयी हैं। जैसे की आप सोना खरीद क्र रख लेते हैं और ये आपकी मुश्किल घडी में आपका साथ देता है , या साथ की बात छोडो इसका रेट तो बढ़ता ही हैना। RS40,000 का लिए गया सोना कुछ समय बाद RS47,000 का हो जाता है। 

बिलकुल उसी प्रकार बिटकॉइन भी है अगर आप आज ढाई लाख रुपया का बिटकॉइन या कोई भी क्रिप्टोकोर्रेंसी खरीदते है , तो आने वाले समय में उसका मूल्य दस लाख रुपया भी हो सकता है। इसलिए बिटकॉइन को डिजिटल गोल्ड Digital Gold भी कहा जाता है। 

दोस्तों ज्यादातर लोग बिटकॉइन एक निवेश के रूप में ही इस्तेमाल क्र रहे हैं। 
दोस्तों बिटकॉइन वैकल्पिक मुद्रा के रूप में शुरू नहीं हुआ है , आप बिटकॉइन से पड़ोस वाली दूकान से हल्दीराम की आलू भुजिआ नहीं ले सकते। हालाँकि कुछ इंटरनेशनल होटल्स ने बिटकॉइन वैकल्पिक मुद्रा के रूप में लेना शुरू करर दिए है जोकि बिटकॉइन निवेशकों के लिए बहुत अछि बात है। 

बिटकॉइन वैकल्पिक मुद्रा के रूप में Bitcoin as an Alternate Currency and बिटकॉइन एक निवेश के रूप में Bitcoin as an Investment


बिटकॉइन के नकारात्मक अंक Negative points of Bitcoin 

1. क्युकी बिटकॉइन एक सीक्रेट या गुप्त करेंसी है तो लोग इसका इस्तेमाल कई अनैतिक कार्यो में करते है। जोकि निंदनीय है। और गलत भी। 

2. बिटकॉइन के माइनिंग Mining प्रक्रिया में बहुत ज्यादा पावर इस्तेमाल होती है, भारी बिजली का इस्तेमाल होता है। जोकि पर्यावरण के लिए बेहद खतरनाक है। बहुत ज्यादा रिसोर्सेज का इस्तेमाल होता है, जोकि हानिकारक है। में फ्यूचर के लिए ऐसे आशा करता हु की इसके लिए बिजली बचने के लिए  कुछ ठोस कदम उठाये जाएंगे। 

3. बिटकॉइन की दुनिया में किसी तरह की कोई गवर्नमेंट या अथॉरिटी काम नहीं करती , ये पूरी तरह आत्मनिर्भर है, ये ब्लॉकचैन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करता है। अगर आपको कोई समस्या आती है तो आप किसके पास जाओगे , ये बहुत बड़ी समस्या है क्रिप्टोकोर्रेंसी की दुनिया में। इसका फायदा भी है तो इसका नुकसान भी है। 

बिटकॉइन के सकारात्मक अंक Positive points of Bitcoin 

1. ब्लॉकचैन Blockchain सुरक्षा की वजह से बिटकॉइन बहुत ही ज्यादा सेफ हो जाती है, ब्लॉकचैन सुरक्षा की वजह से ये एक दम ट्रांसपेरेंट है, कोई भी हिसाब किताब में किसी भी तरह की गड़बड़ नहीं कर सकता। 

आने वाले समय में ब्लॉकचैन सुरक्षा का उपयोग हर छेत्र में होने लगेगा जैसे की एजुकेशन Education, हैल्थकारे Healthcare, डाटा मैनेजमेंट Data Management , और भी कई अलग अलग छेत्र में क्रिप्टोकोर्रेंसी ब्लॉकचैन Cryptocurrency Blockchain जैसा ही इस्तेमाल होने लगेगा। 

2. बिटकॉइन में इन्वेस्ट Invest करने पर सबसे बड़ा फायदा Benefit लोगो को यह मिलता है की बिटकॉइन को किसी तरह की कोई गवर्नमेंट कण्ट्रोल Government Control नहीं कर रही होती। क्रिप्टोकोर्रेंसी फुल्ली इंडेपेंड Fully Independant होकर काम करती है। गवर्नमेंट के निर्णय की वजह से उनका पैसा एफेक्ट Affect नहीं हो रहा होता। 

3., बिटकॉइन, डोगेकोईन, एथेरियम का पहला फायदा यह है की ये डेंटरलिज़्ड है (विकेन्द्रीकृत) है। कोई एक कंट्री, कोई एक बैंक , कोई एक अथॉरिटी , कोई एक पावर या कोई एक जन इसको नियंत्रित नहीं कर रही। क्रिप्टोकोर्रेंसी सबके साथ ह, सबके लिए है, किसी एक का नहीं है। क्रिप्टोकोर्रेंसी परर सबका कण्ट्रोल है। \

वर्तमान समय में बिटकॉइन का उपयोग Present Day Use Of Bitcoin 

जब आपको एक देश से दूसरे देश में पैसे भेजने होते है , बैंक इस फॉरेन फंड्स ट्रांसफर के लिए बहुत ज्यादा पैसे चार्ज करतीं हैं। और बैंक एक देश से दूसरे देश में पैसे भेजने पर बहुत समय भी लगा देते है। यहाँ पर बिटकॉइन का उपयोग काफी ज्यादा किफ़ायती है क्युकी बिटकॉइन की कोई भी ट्रांसफर फीस नहीं लगती और और 10 मिनट में आपका फण्ड ट्रांसफर हो जाता है। 

वही चीज़ क्रेडिट कार्ड फीस के साथ भी है , बिटकॉइन क्रेडिट कार्ड फीस से ज्यादा किफायती हो सकती है। इसलिए बैंक्स, क्रेडिट कार्ड कंपनी , प्रेषण कंपनी हमेशा से बिटकॉइन और अन्य क्रिप्टोकोर्रेंसी जैसे डोगेकोईन, एथेरियम, रिपल्स के खिलाफ रहे। 

बिटकॉइन के नकारात्मक अंक Negative points of Bitcoin

बिटकॉइन में कैसे इन्वेस्ट और कमाई कैसे करें ? How to invest and earn in Bitcoin ?

दोस्तों, बिटकॉइन में इन्वेस्ट और कमाई करने के लिए आप Coinswitchapp Kuber को प्लेस्टोरे playstore से डाउनलोड या इनस्टॉल install क्र सकते है। 

इस Coinswitchapp Kuber APP पर आप 100 से ज्यादा क्रिप्टोकोर्रेंसी में निवेश क्र सकते है और साथ ही 100 से ज्यादा क्रिप्टोकोर्रेंसी जैसे की बिटकॉइन, रिपल्स, डोगेकोईन में कमाई भी क्र सकते है। 

मात्र 14 महीने के भीतर Coinswitchapp Kuber APP  पर 10 lakhs से ज्यादा लोगो ने register किआ है। 

Coinswitchapp Kuber APP बहुत ज्यादा सेफ अंकुर सिक्योर है। आप रूपये से निवेश करना और कामना शुरू क्र सकते है वो भी बिटकॉइन जैसे 100 अलग अलग क्रिप्टोकररेंइस में भी। 

दोस्तों बिटकॉइन में इन्वेस्ट और कमाई करने के लिए आप हमारी वेबसाइट quizmarket.in पर फ़्लैश होने वाली APP को भी INSTALL क्र सकते है। 

निष्कर्ष Conclusion 

दोस्तों, उम्मीद करता हु आपको हमारा आर्टिकल "बिटकॉइन क्या है और बिटकॉइन कैसे काम करता है " बिटकॉइन में निवेश और कमाई कैसे करें पसंद आया होगा। 

आप अपने सवाल मुझसे कमेंट बॉक्स में पूछ सकते है। में बिटकॉइन से रिलेटेड आपके सभी सवालो के जवाब दूंगा। 

कृपया यह आर्टिकल  "बिटकॉइन क्या है और बिटकॉइन कैसे काम करता है" अपने मित्रो दोस्तों के साथ जरूर शेयर करें ताकि उन्हें भी क्रिप्टोकोर्रेंसी जैसे की बिटकॉइन, डोगेकोईन,  के बारे में ज्ञान मिले और वो भी बिटकॉइन व् अलग अलग क्रिप्टोकोर्रेंसी में निवेश करके कमाई क्र पाए।
 

धन्यवाद दोस्तों !

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